गुरुवार, 12 दिसंबर 2019

शिवना साहित्यिकी वर्ष : 4, अंक : 16 त्रैमासिक : जनवरी-मार्च 2020

मित्रों, संरक्षक एवं सलाहकार संपादक, सुधा ओम ढींगरा, प्रबंध संपादक नीरज गोस्वामी, संपादक पंकज सुबीर, कार्यकारी संपादक, शहरयार, सह संपादक पारुल सिंह के संपादन में शिवना साहित्यिकी का वर्ष : 4, अंक : 16 त्रैमासिक : जनवरी-मार्च 2020 का वेब संस्करण अब उपलब्ध है। इस अंक में शामिल है-  आवरण कविता  / अमृता प्रीतम, संपादकीय / शहरयार, व्यंग्य चित्र / काजल कुमार, स्मृति शेष- स्वयं प्रकाश / वीरेन्द्र जैन, एकाग्र- जयनंदन की कहानियाँ / डॉ. नीलोत्पल रमेश, राकेश मिश्र  की कविताएँ  / डॉ. सीमा शर्मा, पुस्तक समीक्षा- अयोध्या से गुजरात तक- भालचन्द्र जोशी / सुशांत सुप्रिय, बाबाओं के देश में- सूर्यकांत नागर / कैलाश मंडलेकर, नई कोंपलें- पारुल सिंह / मोतीलाल आलमचंद्र, मंच पर उतरी कहानियाँ- अनिता रश्मि / कुमार संजय, आईना किस काम का- अनीता रश्मि / जाबिर हुसैन, हरिद्वार का हरि- गोविन्द सेन / महेश शर्मा, बिन पूँजी का धंधा- दीपक गिरकर / अश्विनी कुमार दुबे, एक पाती ऐसी भी- डॉ. ऋतु भनोट / कृष्णा अग्निहोत्री, कोचिंगञ्चकोटा- नवीन कुमार जैन / अरुण अर्णव खरे, दोहों से दोहा ग़ज़लों तक- डॉ. मधुसूदन साहा / ज़हीर कुरेशी, बेहतरीन व्यंग्य- अरुण अर्णव खरे / प्रभाशंकर उपाध्याय, चलो ! अब आदमी बना जाए- अरुण अर्णव खरे / सतीश श्रीवास्तव ‘नैतिक’, इस ज़िन्दगी के उस पार- संदीप ‘सरस’ / राकेश शंकर भारती, इस समय तक- डॉ. नीलोत्पल रमेश / धर्मपाल महेंद्र जैन, कार्यस्थल पर यौन उत्पीड़न, कारण और निवारण- शैलेन्द्र शरण / शहरयार अमजद ख़ान, पुस्तक चर्चा- ऋणानुबंध / सचिन तिवारी / डॉ. विमलेश शर्मा, शोध आलेख- जिन्हें जुर्म-ए-इश्क़ पे नाज़ था- जुगेश कुमार गुप्ता, प्रतिभा सिंह, डॉ. रश्मि दुधे, लेखक : पंकज सुबीर। आवरण चित्र राजेंद्र शर्मा बब्बल गुरू, डिज़ायनिंग सनी गोस्वामी। आपकी प्रतिक्रियाओं का संपादक मंडल को इंतज़ार रहेगा। पत्रिका का प्रिंट संस्करण भी समय पर आपके हाथों में होगा।
ऑन लाइन पढ़ें-    
https://www.slideshare.net/shivnaprakashan/shivna-sahityiki-jan-mar-2020
https://issuu.com/shivnaprakashan/docs/shivna_sahityiki_jan_mar_2020
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http://www.vibhom.com/shivnasahityiki.html

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